Could you just?

Did you know?

No, I know you did not.

Did it show?

Yes, but no one took a note.

What now?

Sorry, You already forgot.

How?

That’s what we were taught.

 

First learn to see, listen, empathize & care. Rest will follow.

-Nishant, The Poet and the Pen.

चलता हूँ

Goodbyes are inevitable. But it is okay for they pave way to the new Hi and Hello 🙂

जाने का वक्त हो गया है,
मुझे अब चलना चाहिए .
मेरा समय यहाँ अब पूरा हो गया है,
चलता हूँ, यह किस्सा अब खत्म हो गया है.

अब मेरी आवाज सिर्फ यादो में सुनाई देंगी,
जो में कहता था शायद वो भी वही कहेंगी.
पुरानी बातें जरूर याद रहेंगी,
पर चलता हूँ, वरना मेरी कहानी अधूरी रहेंगी.

कुछ किस्से साथ जरूर रहेंगे,
हस्ते रोते मुझसे बातें करेंगे,
“याद है?” कहके मुझे छेड़ेंगे,
पर अब चलता हूँ, समय के पीछे नहीं रहेंगे.

पुरानी यादें जाने देना गलत नहीं,
क्युकी नयी यादें भी आनी है कही,
जो चला गया उससे जाने देना ही है सही,
चलता हूँ, अब और बात करने को है नहीं.

कहते है, ज़िन्दगी में जो आगे नहीं चलता वह पीछे चला जाता है,
यही तो बात है, समय से कौन जीत पाता है?
इसीलिए आज मैंने फिरसे कदम बढ़ा लिया है…
किस्सों में होती है कहानी, यह अब जान लिया है.

~ चलता हूँ